Tuesday, August 31, 2010

'रश्क..'


...

"उम्मीद काफूर..
गिरफ्त में शामियाना..
रश्क कैसे करूं..
झुलसती हों..
हर नफ्ज़..
निस्बत में वादियाँ..!!!"

...

2 ...Kindly express ur views here/विचार प्रकट करिए..:

गजेन्द्र सिंह said...

अच्छी पंक्तिया है ......
http://thodamuskurakardekho.blogspot.com/

Priyankaabhilaashi said...

धन्यवाद गजेन्द्र सिंह जी.!!