.बहुत खूब.....
हैं तो पेचीदा.....पर सब कुछ आसान हो तो पसंद भी तो नहीं आता
यकीनन बहुत पेचीदा
Wah!!! Sachmuch pechida hai...
है तो...मगर मज़ा भी उसी में है..
धन्यवाद सुषमा 'आहुति' जी..!!
धन्यवाद दी..!!
धन्यवाद एम वर्मा जी..!!
धन्यवाद प्रकाश जैन जी..!!
धन्यवाद विद्या जी..!!
स्वागत है..आपके विचारों का..!!!
.बहुत खूब.....
ReplyDeleteहैं तो पेचीदा.....पर सब कुछ आसान हो तो पसंद भी तो नहीं आता
ReplyDeleteयकीनन बहुत पेचीदा
ReplyDeleteWah!!! Sachmuch pechida hai...
ReplyDeleteहै तो...मगर मज़ा भी उसी में है..
ReplyDeleteधन्यवाद सुषमा 'आहुति' जी..!!
ReplyDeleteधन्यवाद दी..!!
ReplyDeleteधन्यवाद एम वर्मा जी..!!
ReplyDeleteधन्यवाद प्रकाश जैन जी..!!
ReplyDeleteधन्यवाद विद्या जी..!!
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