mashallah
मोहब्बत की बरसातें... चाँद और चांदनी रातेंयाद रहे काश तुम्हें ...वो रतजगे वाली रातेंवो मुलाकातें.....वो ढेरों बातें ...
धन्यवाद रश्मि प्रभा जी..!!
धन्यवाद दी....."भूले नहीं अब तलक..वो स्नेह की बरसातें..रिमझिम खुराफातें..मोहब्बत की किताबें..मेरी शरारतें..और..आपके दिल की हरारतें..!!!"...
very nive...
lazwaab...
बहुत खूब
धन्यवाद सागर जी..!!
स्वागत है..आपके विचारों का..!!!
mashallah
ReplyDeleteमोहब्बत की बरसातें... चाँद और चांदनी रातें
ReplyDeleteयाद रहे काश तुम्हें ...वो रतजगे वाली रातें
वो मुलाकातें.....वो ढेरों बातें ...
धन्यवाद रश्मि प्रभा जी..!!
ReplyDeleteधन्यवाद दी..
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"भूले नहीं अब तलक..
वो स्नेह की बरसातें..
रिमझिम खुराफातें..
मोहब्बत की किताबें..
मेरी शरारतें..
और..
आपके दिल की हरारतें..!!!"
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very nive...
ReplyDeletelazwaab...
ReplyDeleteबहुत खूब
ReplyDeleteधन्यवाद सागर जी..!!
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