Sunday, January 15, 2012

'वजूद..'





...


"कुछ ख्याल..
कुछ रंग..
बदलते हैं वजूद..
कुछ रिश्तों के..
कुछ अश्कों के..
रंग नहीं होते..!!"

...

2 comments:

  1. जिन रिश्तों के, अश्कों के रंग नहीं होते..उनकी एक खुशबु हुआ करती है..
    बहुत सुन्दर रचना ..

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  2. धन्यवाद विद्या जी..!!

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