नदिया भर का खनिजतुम्हारा निश्छल प्रेमबहुत सुंदर .....आपके नाम की तरह ....प्रियांकाभिलाषी जी ....:))
Kuchh panktiyan,prem ke gahre arth lie hue...waah..!!
धन्यवाद हरकीरत 'हीर' जी..!!
धन्यवाद मन्टू कुमार जी..!!
स्वागत है..आपके विचारों का..!!!
नदिया भर का खनिज
ReplyDeleteतुम्हारा निश्छल प्रेम
बहुत सुंदर .....आपके नाम की तरह ....प्रियांकाभिलाषी जी ....:))
Kuchh panktiyan,prem ke gahre arth lie hue...waah..!!
ReplyDeleteधन्यवाद हरकीरत 'हीर' जी..!!
ReplyDeleteधन्यवाद मन्टू कुमार जी..!!
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