Thursday, April 14, 2011

'कसम-ए-ज़िन्दगी..'



...


"वादा है..
ए-जां नशीं..
निभाएंगे..
कसम-ए-ज़िन्दगी..
जब तलक..
साँसें है..
दीवानी..
और..
रूह..
बेगानी..!!!"


...

6 ...Kindly express ur views here/विचार प्रकट करिए..:

Er. सत्यम शिवम said...

आपकी उम्दा प्रस्तुति कल शनिवार (16.04.2011) को "चर्चा मंच" पर प्रस्तुत की गयी है।आप आये और आकर अपने विचारों से हमे अवगत कराये......"ॐ साई राम" at http://charchamanch.blogspot.com/
चर्चाकार:Er. सत्यम शिवम (शनिवासरीय चर्चा)

संगीता स्वरुप ( गीत ) said...

खूबसूरत ..

: केवल राम : said...

बहुत सुंदर भाव जिन्दगी को बखूबी अभिव्यक्त किया है आपने ..!

Priyankaabhilaashi said...

धन्यवाद सत्यम शिवम जी..!!

Priyankaabhilaashi said...

धन्यवाद संगीता आंटी..!!

Priyankaabhilaashi said...

धन्यवाद केवल राम जी..!!