Thursday, March 29, 2012

'अंतर्मन चर्चा..'

...


"अमूल्य वचन..
संयमित दिनचर्या..
सरल जीवनयापन..
करुणामयी दृष्टि..
दयालु प्रवृत्ति..
ऐसी रहे..
अंतर्मन चर्चा..!!"


...

12 ...Kindly express ur views here/विचार प्रकट करिए..:

RITU BANSAL said...

सचमुच..!!
kalamdaan.blogspot.in

Yashwant Mathur said...

कल 31/03/2012 को आपकी यह पोस्ट नयी पुरानी हलचल पर लिंक की जा रही हैं.आपके सुझावों का स्वागत है .
धन्यवाद!

Madhuresh said...

Bahut sahi!! Dhanyavaad!

S.M.HABIB (Sanjay Mishra 'Habib') said...

सार्थक चिंतन...
सादर साधुवाद.

Kailash Sharma said...

बिलकुल सही...

Tulika Sharma said...

इस तरह का चिंतन अगर सब करने लगें तो आपसी समझ बहुत हद तक बढ़ जायेगी ...सुन्दर विचार के लिए बधाई

Unknown said...

धन्यवाद ऋतू जी..!!

Unknown said...

धन्यवाद यशवंत माथुर जी..!! सादर आभार..!!

Unknown said...

धन्यवाद मधुरेश जी..!!

Unknown said...

धन्यवाद एस.एम. हबीब जी..!!

Unknown said...

धन्यवाद कैलाश शर्मा जी..!!

Unknown said...

धन्यवाद आदरणीया तुलिका जी..!!