Sunday, October 27, 2013

'आठ..'





...


"जां..आज कितने दिनों बाद 'आठ' बजे हैं.. जैसे वक़्त रुक गया था न इस दरमियां, जब थी दुनिया दरमियां..!!

चलो, आज शब न आने दें किसी को दरमियां.. वक़्त नापे ख़ुद वक़्त को..और..वक़्त ही ना हो दरमियां..!!"

...

--थॉट एट 'एट'..

2 ...Kindly express ur views here/विचार प्रकट करिए..:

Yashwant Yash said...

रियली अ ग्रेट थोट !

Priyankaabhilaashi said...

धन्यवाद यशवंत जी..